मैं लिखता नहीं मुझको लिखाती हैं वो
मैं पीता नहीं मुझको पिलाती हैं वो
शायर भी हैं वो और साक़ी भी हैं
गुल भी हैं और गुलों की ताज़गी भी हैं
उन आँखों का जादू तब तक सलामत रहे
अर्श पे सितारों की जब तक हुकूमत रहे
Credits : tumbhi
मैं लिखता नहीं मुझको लिखाती हैं वो
मैं पीता नहीं मुझको पिलाती हैं वो
शायर भी हैं वो और साक़ी भी हैं
गुल भी हैं और गुलों की ताज़गी भी हैं
उन आँखों का जादू तब तक सलामत रहे
अर्श पे सितारों की जब तक हुकूमत रहे
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